ठोकर (संज्ञा)
अर्थ (Meaning)
1. किसी चीज के ठुकने अर्थात् टकराने आदि से लगनेवाला आघात जिससे कुछ टूटने-फूटने या हानि पहुँचाने की आशंका या संभावना हो 2. वह चोट या आघात जो चलते समय किसी अंग में किसी कड़ी चीज से लगे 3. लकड़ी, पत्थर आदि की वे वस्तुएँ जिससे ठोकर लगे 4. नंगे पैर के अगले भाग अथवा पहने हुए जूते की नोक या पंजे से किसी वस्तु या व्यक्ति पर किया जानेवाला आघात 5. एक प्रकार का कुश्ती का दाँव 6. किसी प्रकार का ऐसा कड़ा या भारी आघात जो बहुत अधिक अनिष्टकर या हानिप्रद सिद्ध हुआ हो
वाक्य प्रयोग (Example)
दर्पण सँभाल कर ले जाना कहीं ठोकर न लगने पाए
पर्यायवाची (Synonyms)
उढ़कनउढ़ुकन